जंगल की जमीन पर कब्जा, पौधा रोपण शुरू हुआ तो गांव में बढ़ा तनाव, कलेक्टर के पास पहुंचे लोग

बिगुल
छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले के बकनाकला गांव में जंगल की जमीन पर कब्जा को लेकर तनाव की स्थिति है. यहां दो पक्षों में आए दिन झड़प की स्थिति बन रही है. जंगल की जमीन पर गांव के लोग पौधा रोपण करना चाह रहे हैं. उन्होंने कुछ जमीन पर पौधे भी लगा दिया है. लेकिन पौधों को उखाड़कर फेंक दिया गया है. ऐसे में गांव के लोग आज कलेक्टर के पास पहुंचे हुए हैं. जहां उनका कहना है कि विशेष समुदाय के व्यक्ति द्वारा जंगल की जमीन पर कब्जा किया गया है. जिस पर कार्यवाही होना चाहिए.
विशेष व्यक्ति द्वारा वन विभाग की जमीन पर कब्जा किया गया
सरगुजा जिले में पेड़ों की अवैध कटाई कर जंगल की जमीन पर कब्जा किया जा रहा है. इसी बीच लुड्रा वन परिक्षेत्र के बकना कला गांव में विशेष समुदाय के व्यक्ति द्वारा वन विभाग की जमीन पर कब्जा किया गया है.जानकारी के मुताबिक वन विभाग की जमीन पर गांव के ही दूसरे व्यक्ति को पट्टा दिया गया है. ऐसे में ग्रामीणों का कहना है कि अब इस जमीन पर उनके द्वारा पौधरोपण किया जा रहा है. गांव वाले इस जमीन को लोगों के सामुदायिक उपयोग के लिए रखना चाहते हैं. इसके लिए उन्होंने चार एकड़ में पिछले दिनों वन विभाग से पौधे लेकर पौधरोपण किया है, लेकिन जैसे ही जमीन पर अतिक्रमण करने वाले व्यक्ति को पता चला वह मौके पर जाकर हंगामा करने लगा. पौधे लगा रहे लोगों के साथ उसने गाली गलौज की और इसके बाद से पूरे गांव में तनाव की स्थिति बनी हुई है.
वन विभाग की लापरवाही
वन विभाग के अधिकारियों के लापरवाही की वजह से सरगुजा जिले के अलग-अलग इलाकों में जंगलों में लोगों के द्वारा कब्जा किया जा रहा है. हर रोज पेड़ों की कटाई की जा रही है और उसके बाद जब जमीन पेड़ों से खाली हो जाता है तो वहां लोग अपना कब्जा कर ले रहे हैं, लेकिन वन विभाग इस पूरे मामले में गंभीरता से कार्रवाई नहीं कर रहा है. यही वजह है कि लोग जंगलों की जमीन पर कब्जा करने के लिए पूरा जोर लगा रहे हैं. जिससे गांव में विवाद की स्थिति बन रही है.
पहले भी हो चुका है विवाद
प्रशासनिक अधिकारियों को इस पूरे मामले में तत्काल हस्तक्षेप करने की जरूरत है. क्योंकि यहां विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है और यह विवाद कभी भी गंभीर रूप धारण कर सकता है. इससे पहले सरगुजा में जमीन विवाद को लेकर हत्या जैसी वारदात होती रही है. ऐसे में वन विभाग के साथ पुलिस को भी इस पूरे मामले को गंभीरता से लेना चाहिए ताकि आने वाले दिनों में गांव में कोई अनहोनी घटना न घटे.