Blog

एक करोड़ की घूसखोरी में फंसे आईपीएस राहुल बंसल, कभी 500 रु की रिश्वत देना लगा था बुरा

बिगुल
छत्तीसगढ़ के आईपीएस ऑफिसर राहुल बंसल एक करोड़ रुपए रिश्वत लेने के आरोप में बुरी तरह से घिरे हुए हैं। छत्तीसगढ़ कैडर के 2022 बैच के आईपीएस ऑफिसर राहुल बंसल फिलहाल ट्रेनिंग ले रहे हैं। प्रदेश के अंबिकापुर जिले में वर्तमान में वह तैनात हैं। इस दौरान उन पर एक करोड़ रुपए की रिश्वत लेने के गंभीर आरोप लगे हैं। उनके ऊपर लगे आरोपों की जांच चल रही है।

मामले में दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने सीबीआई और डीजीपी से रिपोर्ट मांगी है। बंसल पर हवाला के जरिए दो बार में 50-50 लाख रुपए लेने के आरोप हैं। हालांकि, शिकायत में लगाए गए आरोपों पर अदालत ने अभी कोई अंतिम निष्कर्ष नहीं दिया है। 18 अगस्त को कोर्ट डीजीपी की रिपोर्ट और आरोपियों के जवाब और क्षेत्राधिकार से जुड़े सभी पहलुओं पर सुनवाई करेगी।

मांगी एक करोड़ की रिश्वत

शिकायतकर्ता आकाश कुमार ने आईपीएस के खिलाफ शिकायत दाखिल कर आरोप लगाया कि साइबर फ्राड के एक मामले को खत्म कराने के लिए एक करोड़ रुपये की रिश्वत की मांग की। शिकायत में दावा किया गया है कि रकम दो किस्तों में 50-50 लाख रुपये के रूप में हवाला के जरिए ली गई।

मामले को रफा-दफा करने मांगी रिश्वत

शिकायतकर्ता के अनुसार, रिश्वत उस समय मांगी गई थी जब राहुल बंसल प्रशिक्षण अवधि में छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में तैनात थे। आरोप है कि साइबर फ्राड मामले को रफा-दफा करने के लिए रकम मांगी गई।

‘500 रुपए घूस देना लगा था बुरा’
दूसरी ओर उनका एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मॉक इंटरव्यू का यह वीडियो सुर्खियों में है। बताया जाता है कि यह वीडियो यूपीएससी की परीक्षा पास करने से पहले रिकॉर्ड किया गया था। वीडियो में वह 500 रुपए की घूसखोरी का विरोध करते दिख रहे हैं। उस मॉक इंटरव्यू में एक घटना का जिक्र करते हुए राहुल कह रहे हैं कि मैं उस समय आईआईटी कानपुर में पढ़ाई कर रहा था। मेरे भाई को अमेरिका जाकर रिसर्च पेपर देना था। इसके लिए विजा अप्लाई भी करना था। विजा के लिए बर्थ सर्टिफिकेट की जरूरत थी। इसे जल्दी देने के लिए एक पंचायत अधिकारी ने 500 रुपए रिश्वत की मांग की। 500 रुपए की रिश्वत देना मुझे बहुत बुरा लगा था

The Bigul

हमारा आग्रह : एक निष्पक्ष, स्वतंत्र, साहसी और सवाल पूछती पत्रकारिता के लिए हम आपके सहयोग के हकदार हैं. कृपया हमारी आर्थिक मदद करें. आपका सहयोग 'द बिगुल' के लिए संजीवनी साबित होगा.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button