कांग्रेस के मीडिया प्रभारी सुशील आनंद शुक्ला ने रायपुर कमिश्नरेट पर उठाए सवाल; कहा- गैंगवार से रायपुर में दहशत, 25 दिन में 16 मर्डर

बिगुल
छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने प्रदेश की राजधानी रायपुर में बढ़ रही क्राइम की वारदातों को लेकर रायपुर कमिश्नरेट की कार्यप्रणाली और राज्य सरकार पर गंभीर सवाल उठाए हैं। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने पुलिस पर आरोप लगाते हुए कहा कि रायपुर कमिश्नरेट सहित प्रदेश में कोई भी कहीं भी सुरक्षित नहीं है। किसकी कब, कहां हत्या हो जाये, कोई नहीं जानता। खराब कानून व्यवस्था की वजह से रायपुर शहर आदमियों की कत्लगाह बन चुकी है।
उन्होंने बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि रायपुर में आदमी गाजर मूली की तरह काटे जा रहे हैं, न सरकार को कोई चिंता है और न ही पुलिस को। पुलिस केवल अपराध के आंकड़ो का झुठलाने और गृहमंत्री विजय शर्मा कोरी बयानबाजी में लगे हुए हैं। तीन साल पहले तक शांत और सुरक्षित रही राजधानी रायपुर में 25 दिन में 16 मर्डर हुए हैं। पिछले चार दिन में गैंगवार की वजह से दो हत्याएं हुई हैं। मामले में सरकार और पुलिस मूकदर्शक बनी हुई है। कुछ दिन पहले राजधानी में महिला को रास्ते में रोक कर हत्या कर दी गई, उसके बाद उसके शव के साथ दुष्कर्म किया गया। पिछले हफ्ते एक महिला के साथ एक दिन में दो बार सामूहिक दुष्कर्म किया गया। राजनांदगांव के चिखली में एक व्यक्ति की घर में घुस कर हत्या हो गई। रायपुर में कमिश्नरी सिस्टम पूरी तरह फेल हो चुका है।
‘कानून व्यवस्था की स्थिति खराब’
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि प्रदेश में हर दिन छह हत्या, आठ दुष्कर्म की घटना हो रही है। सक्ती में एक युवती को उसके घर में घुसकर गोली मार दी गयी। इसके पहले कोरिया के सोनहत में चार व्यक्तियों को जिंदा जला दिया गया। जैजेपुर में दो भाइयों को घर में घुसकर गोली मार दिया गया। पेण्ड्रा के कोटमी बाजार में सराफा कारोबारी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। प्रदेश में कोई जिला नहीं जहां पर रोज हत्या, लूट, बलात्कार, चाकूबाजी की घटना नहीं हो रही है। यह घटनाएं डरावनी है, सरकार कब मानेगी की कानून व्यवस्था की स्थिति खराब हो गई है।
‘सरेआम बम से हमला’
शुक्ला ने आरोप लगाते हुए कहा कि प्रदेश में बीजेपी सरकार बनने के बाद 12 से ज्यादा लोगों की गोली मारकर हत्या हुई है। अकेले राजधानी में आठ गोलीकांड हुआ। बिलासपुर, कोटमी-पेंड्रा गौरेला, दुर्ग में, राजधानी रायपुर में, मस्तुरी, जांजगीर-चांपा, जशपुर, कवर्धा में लोगों को सरेआम गोली मारकर हत्या हुई। राजधानी के हीरापुर में सरेआम बम से हमला होता है। राजधानी के बिरगांव में बम बनाया जा रहा था। पुलिस और सरकार अपराध रोकने में नाकाम साबित हो रहे हैं।



