43 साल बाद अमेरिका से छत्तीसगढ़ लौटेगी रायपुर म्यूजियम से चोरी हुई प्राचीन मूर्ति, कीमत जानकर उड़ जाएंगे होश

बिगुल
43 साल बाद महासमुंद जिले के ऐतिहासिक सिरपुर से प्राप्त और रायपुर स्थित महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय से चोरी हुई दुर्लभ अवलोकितेश्वर कांस्य प्रतिमा अब जल्द छत्तीसगढ़ लौट सकती है.
43 साल बाद अमेरिका से छत्तीसगढ़ लौटेगी प्राचीन मूर्ति
मिली जानकारी के मुताबिक, अमेरिका में बरामद की गई इस बहुमूल्य प्रतिमा को भारत को सौंपे जाने के बाद राज्य सरकार और पुरातत्व विभाग उसकी वापसी की तैयारियों में जुट गए हैं. पुरातत्व एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल ने बताया कि भारत सरकार के साथ औपचारिक पत्राचार जारी है. अनुमति और आवश्यक सूचना मिलने के बाद राज्य सरकार की टीम प्रतिमा को लेने जाएगी.
कीमत जानकर उड़ जाएंगे होश
इन मूर्तियों में सबसे खास है अवलोकितेश्वर की दुर्लभ कांस्य प्रतिमा, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 20 लाख डॉलर यानी करीब 19 करोड़ रुपये बताई जा रही है. यह प्रतिमा छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले के ऐतिहासिक सिरपुर स्थित लक्ष्मण मंदिर परिसर के पास से मिली थी.
प्राचीन बौद्ध विरासत का महत्वपूर्ण प्रतीक
विशेषज्ञों के अनुसार यह कांस्य प्रतिमा सिरपुर की प्राचीन बौद्ध कला और शिल्प परंपरा का महत्वपूर्ण उदाहरण है. जानकारी के मुताबिक वर्ष 1939 में सिरपुर स्थित लक्ष्मण मंदिर परिसर के पास कांस्य प्रतिमाओं का भंडार मिला था, जिसमें यह प्रतिमा भी शामिल थी. शिलालेख के अनुसार इस प्रतिमा का निर्माण सिरपुर निवासी प्रसिद्ध शिल्पकार द्रोणादित्य ने किया था.
महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय से हुई थी चोरी
इसके बाद में इसे सुरक्षित संरक्षण के लिए रायपुर के महंत घासीदास स्मारक संग्रहालय में रखा गया था. बताया जाता है कि वर्ष 1982 के आसपास यह दुर्लभ धरोहर संग्रहालय से चोरी हो गई थी. इसके बाद तस्करी के जरिए इसे विदेश पहुंचा दिया गया. वर्षों तक प्रतिमा निजी संग्रहों में रही और भारतीय एजेंसियां इसकी तलाश में जुटी रहीं.



