Blog

CGPSC 2025: जिस कोर्ट में पिता गार्ड, वहां बाबू के पद पर कार्यरत बेटा पहले ही प्रयास में बना DSP

बिगुल
छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग ने CGPSC 2025 का फाइनल रिजल्ट जारी कर दिया है. इस परीक्षा में राजनांदगांव के जिला न्यायालय में जज की सुरक्षा में तैनात नगर सैनिक के बेटे ने सफलता हासलि की है. 23 साल की उम्र में बाबू के पद पर कार्यरत तुषार मंडावी ने पहले ही प्रयास में सफलता हासिल कर ली है.

राजनांदगांव जिला न्यायालय के नगर सैनिक रोहित मांडवी के बेटे तुषार मंडावी DSP पद पर चयनित हो गए हैं. खास बात यह है कि जिस कोर्ट में उनके पिता न्यायाधीश की सुरक्षा में तैनात हैं. उसी कोर्ट में तुषार में सहायक ग्रेड 3 के पद पर कार्यरत हैं. तुषार मंडावी बताते हैं पिता का संघर्ष ही उनका मार्गदर्शन रहा है.

23 साल की उम्र में बने DSP
तुषार मंडावी ने 23 साल की उम्र में पहले ही प्रयास में CGPSC की परीक्षा पास कर ली है. तुषार ने बताया कि पहली बार में उसका चयन हो गया है. सरकारी नौकरी में रहने के कारण पढ़ाई के लिए उन्हें काफी कम समय मिलता था. दृढ़ संकल्प और एक निश्चित समय के साथ छत्तीसगढ़ पीएससी में चयनित होने के लिए उन्होंने काफी संघर्ष किया है.

हिंदी मीडियम से उच्च शिक्षा हासिल करने वाले तुषार मांडवी ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और परिवार को दिया. उन्होंने बीजापुर के डीएसपी नवीन एक्का को भी अपना मार्गदर्शक बताया है. उन्होंने कहा कि CGPSC पर चयनित होकर समाज के लिए काम करना है.

छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग ने CGPSC परीक्षा का फाइनल रिजल्ट जारी कर दिया है. PSC ने कुल 17 सेवाओं में 246 पदों के लिए परीक्षा आयोजित की थी, जिसमें डिप्टी कलेक्टर के 7 और DSP के 21 पद थे. इस परीक्षा में देवेश प्रसाद साहू ने टॉप किया है.

The Bigul

हमारा आग्रह : एक निष्पक्ष, स्वतंत्र, साहसी और सवाल पूछती पत्रकारिता के लिए हम आपके सहयोग के हकदार हैं. कृपया हमारी आर्थिक मदद करें. आपका सहयोग 'द बिगुल' के लिए संजीवनी साबित होगा.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button