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बीजेपी vs कांग्रेस जानिए किसका पलड़ा है भारी, छत्तीसगढ़ की महिलाएं किस पर जताएंगी भरोसा…

BJP vs Congress, know who has the upper hand, on whom will the women of Chhattisgarh express their trust…


तीसरे चरण की 7 लोकसभा सीटों के लिए 7 मई को मतदान है. इसके लेकर चुनावी मुद्दों की चर्चा जोरों पर है. छ्त्तीसगढ़ में लोकसभा चुनाव एक बार फिर महिलाओं से जुड़ी योजना और वादों पर केंद्रित होता नजर आ रहा है. BJP अपनी महतारी वंदन योजना को भुनाने में लगी है तो वहीं, कांग्रेस भी महिलाओं से फॉर्म भरवा कर गरीब महिलाओं को 1 लाख सालाना देने के का विश्वास दिलाने में लगी है. इधर, कांग्रेस का दावा है महालक्ष्मी नारी न्याय योजना पर महिलाएं भरोसा कर रही हैं और प्रदेश भर में करीब 25 लाख फॉर्म महिलाओं ने भरे है.

छ्त्तीसगढ़ में कौन जीतेगा और कौन हारेगा? ये महिला मतदाता तय करती है. क्योंकि प्रदेश की 11 लोकसभा सीट में 9 लोकसभा सीट पर पुरुष से महिला मतदाता ज्यादा है. यही वजह है लोकसभा चुनाव में बीजेपी महतारी वंदन योजना की अब तक तीन किश्त दिए जाने को बार बार याद दिला रही है तो कांग्रेस महालक्ष्मी न्याय योजना से महिलाओं को जोड़ने के लिए फॉर्म भरवा रही है. कांग्रेस दावा है प्रदेश में 25 लाख महिलाएं फॉर्म भर चुकी है ये दर्शाता है कि महिलाएं कांग्रेस के साथ है. कोंग्रस का कहना है कि हम सिर्फ महिलाओं को 8333 रुपये महीने का वादा ही नहीं कर रहे बल्कि महिलाओं को सरकारी नौकरी में 50 प्रतिशत आरक्षण देगी. महिलाओं का कांग्रेस में भरोसा है.

बीजेपी का मानना है कि कांग्रेस के दावे पर किसी को भरोसा नहीं हैं. प्रदेश में सिर्फ चलेगी तो मोदी गारंटी चलेगी. बीजेपी का कहना है कि दावा करने में क्या जाता है? कांग्रेस के चुनावी वादों का जमीनी हकीकत से दूर दूर तक कोई लेना देना नहीं हैं. ये वही लोग है जिन्होंने साल 2018 में महिलाओं से 1500 रुपये देने का वादा किया था. शराब बंदी का वादा किया लेकिन पूरा नही किया और विधानसभा चुनाव में सत्ता विहीन हो गई, देश मे एक ही गारंटी है वो है मोदी की गारंटी, बीजेपी ने 1 हजार रुपये महीने महिलाओं को देने का वादा किया था. हम 70 लाख महिलाओ को पैसा दे रहे हैं कांग्रेस का झांसा अब काम नहीं आने वाला है. बहरहाल, छत्तीसगढ़ की महिलाएं किसके वादों पर भरोसा करेगी? ये 4 जून को परिणाम के बाद जाहिर हो जाएगा.

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