ब्रेकिंग : भाजपा नेता चंद्रशेखर शुक्ला के परिवार ने किसानों को जमीन दान की तो सरकार ने किया कब्जा, किसान अदालत पहुंचे, सरकार को नोटिस जारी

बिगुल
प्रदेश भाजपा कार्य समिति के सदस्य, किसान नेता चंद्रशेखर शुक्ला ने खुद के परिवार द्वारा किसानों को दान की गई जमीन पर सरकारी अतिक्रमण के खिलाफ न्यायपरक जीत हासिल की है।
श्री शुक्ला ने बताया कि धरसींवा क्षेत्र के कन्हेरा ग्राम में उनके पूर्वज लोकनाथ शुक्ला एवं अन्य किसान परिवार ने गाँव के पशुओं के हेतु चारागाह भूमि स्वेच्छा से दी थी जो कि आज भी उनके नाम पर शासकीय खातों एवं रिकार्ड में दर्ज है। उपरोक्त भूमि को शासन ने बगैर किसी की सहमति के CSPDCL विद्युत विभाग को बिना किसी की सहमति अनुमति के निजी कृषि भूमि को सौंप दिया था, जिसके बाद किसान अदालत चले गए थे।
किसान नेता एवं भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य चंद्रशेखर शुक्ला ने कहा कि ग्राम-कन्हेरा की सरपंच यासमीन सुखनंदन जांगड़े सहित सभी ग्रामवासियों ने कहा कि उपरोक्त भूमि हमारी पूर्वजों की है एवं इसका 1 डिसमील जमींन भी हम किसी योजना के लिये नहीं देंगे।
इसी मामले पर कल छ.ग. हाईकोर्ट के माननीय न्यायाधीश रविन्द्र कुमार अग्रवाल ने ग्राम-कन्हेरा धरसींवा की चारागाह भूमि के संदर्भ में संज्ञान लेते हुये कड़ा आक्षेप किया है तथा राज्य शासन एवं विद्युत विभाग को नोटिस जारी करके तथ्यात्मक जानकारी 29 जून 2026 तक मांगी है। उक्त मामले की पैरवी हाईकोर्ट बार ऐसोसियेशन के अध्यक्ष वरिष्ठ अधिवक्ता रजनीश सिंह बघेल कर रहे हैं।
जानते चले कि सरकार उपरोक्त जमींन पर मैटल पार्क बनाना चाहती है। जबकि उद्योगपतियों के सब-स्टेशन बनने के लिये पर्याप्त भूमि है किन्तु चूंकि उक्त भूमि को CSPDCL विद्युत विभाग को उद्योग विभाग से खरीदना पड़ेगा। कहकर जबरदस्ती कन्हेरा गाँव की निजी भूमि में कब्जा करने का अवैध प्रयास किया जा रहा था जो कि अनुचित है।
किसान नेता चन्द्रशेखर शुक्ला ने माननीय उच्च न्यायालय से न्याय मिलने न्याय की उम्मीद जताई है।



