चायपत्ती के पानी’ से तैयार होती थी नकली शराब! स्प्रिट, फर्जी होलोग्राम और फार्म हाउस में चल रहा था पूरा खेल

बिगुल
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में पुलिस ने नकली शराब बनाने और बेचने वाले एक बड़े गिरोह के खिलाफ कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी सुभाष चंद्र पटेल को गिरफ्तार कर लिया है। जांच में खुलासा हुआ है कि आरोपी ने अपने फार्म हाउस को ही अवैध शराब निर्माण केंद्र में बदल रखा था, जहां नकली शराब तैयार कर उसे बाजार में खपाया जा रहा था। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर शराब बनाने में उपयोग होने वाली कई सामग्री भी बरामद की है।
संयुक्त कार्रवाई में हुआ था बड़े नेटवर्क का खुलासा
रायगढ़ पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने 8 जून की रात कोतरारोड़ थाना क्षेत्र के धनागर गांव में छापेमारी कर नकली शराब के एक संगठित नेटवर्क का पर्दाफाश किया था। कार्रवाई के दौरान करीब 240 लीटर नकली शराब, विभिन्न ब्रांडों के ढक्कन, स्प्रिट के ड्रम, खाली बोतलें और अन्य उपकरण जब्त किए गए थे। मौके से एक आरोपी दुष्यंत उर्फ पप्पू को गिरफ्तार किया गया था, जबकि सुभाष पटेल और विनय ठाकुर फरार हो गए थे।
फार्म हाउस से दबोचा गया मुख्य आरोपी
फरार आरोपियों की तलाश के दौरान पुलिस को सूचना मिली कि सुभाष पटेल अपने जोरापाली स्थित फार्म हाउस में छिपा हुआ है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उसे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपी ने शराब तस्करी और नकली शराब निर्माण से जुड़े कई अहम खुलासे किए।
स्प्रिट मिलाकर बढ़ाते थे मात्रा
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि गिरोह असली शराब में स्प्रिट मिलाकर उसकी मात्रा बढ़ाता था। इसके बाद उसे खाली बोतलों में भरकर फर्जी लेबल और नकली होलोग्राम लगाकर बाजार में बेचा जाता था। शराब में स्प्रिट मिलाने से रंग हल्का पड़ जाता था, इसलिए उसे असली जैसा दिखाने के लिए चायपत्ती का रंग मिलाया जाता था।
शराब बनाने के उपकरण भी जब्त
आरोपी की निशानदेही पर पुलिस ने फार्म हाउस से गैस सिलेंडर, गैस चूल्हा, एल्यूमिनियम के बर्तन और बड़ी संख्या में खाली शराब की बोतलें बरामद की हैं। जांच में सामने आया कि यही सामग्री नकली शराब तैयार करने और पैकिंग के लिए इस्तेमाल की जाती थी।
न्यायिक रिमांड पर भेजा गया आरोपी
सुभाष चंद्र पटेल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और आबकारी अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है।
दूसरे आरोपी की तलाश जारी
मामले में शामिल एक अन्य आरोपी विनय ठाकुर अभी फरार है। पुलिस का कहना है कि उसकी तलाश के लिए लगातार दबिश दी जा रही है और जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा। अधिकारियों का मानना है कि जांच आगे बढ़ने पर नकली शराब कारोबार से जुड़े अन्य लोगों के नाम भी सामने आ सकते हैं।



